हल्द्वानी। अंकिता भंडारी हत्याकांड में कथित ‘वीआईपी’ की सीबीआई जांच की मांग को लेकर प्रदर्शनों में सक्रिय हल्द्वानी की महिला यूट्यूबर ज्योति अधिकारी की मुश्किलें बढ़ गई हैं। उन पर कुमाऊंनी महिलाओं की गरिमा को ठेस पहुंचाने, अभद्र टिप्पणियां करने तथा उत्तराखंड की संस्कृति और देवी-देवताओं के खिलाफ अपमानजनक बयान देने का आरोप लगा है।
स्थानीय निवासी जूही चुफाल की शिकायत पर मुखानी थाने में मुकदमा दर्ज किया गया। शिकायत में कहा गया है कि ज्योति अधिकारी ने सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में सार्वजनिक स्थान पर दरांती लहराते हुए भद्दी और आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग किया। इन बयानों से उत्तराखंड की प्राचीन हिंदू परंपराओं, धार्मिक भावनाओं तथा पर्वतीय महिलाओं का अपमान हुआ है।
मुखानी थाना प्रभारी सुशील जोशी ने बताया कि शिकायत की गंभीरता को देखते हुए सुसंगत धाराओं के तहत केस दर्ज कर ज्योति अधिकारी को नोटिस जारी किया गया। पूछताछ के बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। कोर्ट में पेशी के बाद ज्योति को 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
ज्योति अधिकारी (पति गोपाल सिंह अधिकारी, निवासी हरिपुर लालमणि, किशनपुर घुड़दौड़ा, हल्द्वानी) हाल ही में अंकिता भंडारी मामले में सीबीआई जांच की मांग को लेकर आयोजित प्रदर्शनों में सक्रिय रही थीं। पुलिस का कहना है कि जांच जारी है और मामले में आगे की कार्रवाई कानून के अनुसार की जाएगी।
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